महिला सहायता प्रकोष्ठ

ग्रामीण अंचल में स्थित इस महाविद्यालय के लिए सबसे बड़ी बात है कि यहां पर छात्राओं की संख्या किसी भी तरह से छात्रों से कम नहीं है गरीब एवं सीमित संसाधनों में जीवन यापन करने वाले किसान निसंकोच होकर अपनी बालिकाओं को इस महाविद्यालय में शिक्षा ग्रहण करने के लिए भेजते हैं इसलिए यह महाविद्यालय की नैतिक एवं व्यक्तिगत जिम्मेदारी है कि प्रत्येक छात्रा हर तरह से अपने प्रति सुरक्षा का आवरण महसूस करें इसलिए महाविद्यालय में महिला सहायता प्रकोष्ठ का गठन किया गया है जिसके माध्यम से छात्राएं अपनी समस्याओं को कॉलेज प्रबंधन तक पहुंचा सकती हैं महाविद्यालय का तंत्र तुरंत ही उनकी समस्याओं को सुनता है और उसको दूर करने के लिए हर संभव प्रयास किया जाता है।